PTET क्या है और कैसे करें – PTET Full Form in Hindi
हर विद्यार्थी ने पीटीईटी का नाम सुना होगा लेकिन अनेक ऐसे विद्यार्थी है जिन्हें इसके बारे में पूरी जानकारी नहीं है कि पीटीईटी क्या है, ptet full form और पीटीईटी कैसे करें? इस आर्टिकल में हमने पीटीईटी कोर्स के बारे में पूरी जानकारी (full information) दी है।
PTET राजस्थान का बहुत प्रसिद्ध कोर्स है और लगभग हर दूसरा विद्यार्थी जो स्नातक (Graduation) तक की पढ़ाई पूरी करता है, इसमें प्रवेश लेता है। ऐसे में students को यह जानकारी होना आवश्यक है कि ptet कोर्स में प्रवेश कैसे लेते है, इसका एंट्रेंस एग्जाम कब होता है, फॉर्म कब भरे जाते है और भी इससे जुड़ी बहुत कुछ इनफार्मेशन।
पीटीईटी क्या है – What is PTET in Hindi

PTET राजस्थान में हर साल आयोजित होने वाला एक एंट्रेंस एग्जाम है जिसके माध्यम से स्टूडेंट्स को B.Ed या BA B.ed / BSc B.ed कोर्स में प्रवेश मिलता है। PTET की प्रवेश परीक्षा का आयोजन हर साल लगभग मई माह में होता है।
आसान शब्दों में कहें तो पीटीईटी बीएड कोर्स में प्रवेश पाने के लिए होने वाली एक प्रवेश परीक्षा है। PTET का फुल फॉर्म Pre Teacher Education Test है।
अगर आपके मन में प्रश्न है कि PTET कौन-कौन कर सकता है तो हम आपको बता दें कि इस कोर्स को ग्रेजुएशन किया हुआ प्रत्येक स्टूडेंट कर सकता है। इसके अलावा 12th पास स्टूडेंट्स भी PTET कर सकते है लेकिन इसकी अवधि दो वर्ष की बजाय चार वर्ष हो जाती है क्योंकि तब इसमें ptet के साथ students को graduation भी साथ कराया जाता है।
PTET का मतलब प्री-टीचर एजुकेशन टेस्ट है. सरल शब्दों में कहें तो PTET टीचर बनने के लिए आवश्यक योग्यता वाले कोर्स करने के लिए आयोजित होना वाल एक प्री टेस्ट (प्रवेश परीक्षा) है. इसे पास करके स्टूडेंट टीचर बनने के लिए होने वाली प्रवेश परीक्षाओं में भाग लेने के लिए eligible हो जाते है.
PTET Full Form
Ptet ki full form “Pre Teacher Education Test” है। English एवं hindi दोनों में इसे same तरीके से पढ़ा जाता है।
पीटीईटी का अर्थ क्या है तो बता दें कि इसका अर्थ ‘प्री-टीचर एजुकेशन टेस्ट‘ होता है। हिंदी भाषा में कहें तो सेकंड या थर्ड ग्रेड टीचर बनने की योग्यता रखने के लिए कराया जाने वाला एक कोर्स। इसे राजस्थान बीएड के नाम से भी जाना जाता है।
इसके साथ ही फर्स्ट ग्रेड टीचर बनने के लिए बीएड का होना आवश्यक है लेकिन उसके साथ अभ्यर्थियों के पास रिलेटेड विषय का मास्टर डिग्री का होना चाहिए।
पीटीईटी करने के लिए योग्यत्ता
PTET दो साल का कोर्स करने के लिए अभ्यर्थी कम से कम स्नातक (ग्रेजुएशन किया हुआ) पास हो और मिनिमम 50% अंक हो। SC, ST और दिव्यांग के लिए 45% अंक आवश्यक है।
ptet में बीए बीएड या बीएससी बीएड करने के लिए RBSE या अन्य किसी समकक्ष बोर्ड से 50 प्रतिशत अंकों के साथ बाहरवीं पास हो। SC, ST & दिव्यांग को अंकों में 5% तक छूट है। बीएससी बीएड सिर्फ विज्ञान वर्ग के विद्यार्थी कर सकते है जबकि बीए बीएड को आर्ट्स, कॉमर्स और विज्ञान तीनों वर्ग के स्टूडेंट्स कर सकते है।
Note: यह सिर्फ पीटीईटी प्रवेश परीक्षा में भाग लेने हेतु योग्यता है। PTET कोर्स को करने के लिए एंट्रेंस एग्जाम पास कर मेरिट लिस्ट में आना जरूरी है। इसके बाद काउंसलिंग के माध्यम से candidates को पीटीईटी के लिए कॉलेज का आवंटन किया जाता है।
Ptet ke liye age limit
PTET करने हेतु सभी कैंडिडेट्स की आयु नियमानुसार होनी चाहिए। Age limit में छूट सम्बधित जानकारी के लिए PTET की वेबसाइट पर विजिट कर अधिक जानकारी पाई जा सकती है।
PTET कैसे करें
ग्रेजुएट स्टूडेंट्स दो वर्षीय बीएड पाठ्यक्रम के लिए apply कर सकते है जबकि 12th स्टूडेंट्स को चार वर्षीय बीए बीएड या बीएससी बीएड कोर्स में प्रवेश ले सकते है।
इसके लिए उन्हें सबसे पहले पीटीईटी का फॉर्म भरना होगा और प्रवेश परीक्षा पास करनी होती है। फिर मेरिट के आधार पर काउन्सलिंग करके उन्हें bed colleges का आवंटन किया जाता है।
PTET entrance exam का पेपर 600 नंबर्स का होता है जिसमें प्रश्नों की कुल संख्या 200 होती है और प्रत्येक प्रश्न 3 अंक का होता है। पीटीईटी प्रवेश परीक्षा में mental ability, general awareness, teaching attitude & aptitude test, hindi or english से प्रश्न पूछे जाते है।
यह भी जानें- Rajasthan PTET 2024 Form कैसे भरें
PTET करके टीचर कैसे बनें
जैसा कि हमने पहले ही बताया है कि ptet को सभी स्टूडेंट्स टीचर बनने के लिए करते है लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि जिस स्टूडेंट ने ptet कर लिया है, वो teacher बन जाएगा।
पीटीईटी करने के बाद अध्यापक की नौकरी पाने के लिए REET या इसके जैसी किसी शिक्षक भर्ती एग्जाम को पास करना होता है। राजस्थान से किया हुआ ptet से राजस्थान के अलावा कई अन्य राज्यों में भी एक योग्यता रखता है।
आपकी जानकारी के लिए बता दूँ कि PTET न करके सिर्फ bstc कर लेने से भी teacher बना जा सकता है लेकिन bstc करने से सिर्फ थर्ड ग्रेड टीचर (लेवल 2 के) बन सकते है जबकि PTET यानि बीएड कर लेने से थर्ड ग्रेड के साथ-साथ सेकंड ग्रेड और फर्स्ट ग्रेड टीचर भी बना जा सकता है।
उम्मीद करते है कि इस लेख के माध्यम से आपको ptet kya hai और PTET full form in hindi से जुड़ी सारी जानकारी मिली होगी। अगर आपका पीटीईटी से जुड़ा कोई भी प्रश्न है तो आप comment के माध्यम से पूछ सकते है। आपके प्रश्न का जल्द से जल्द जवाब दिया जाएगा।
Frequently Asked Questions about PTET Course
PTET दो साल का कोर्स होता है। अगर 12th के बाद कर रहे है (BA B.Ed. / B.sc B.Ed. हेतु) तो इसकी अवधि चार वर्ष की होती है।
अभ्यर्थी अपने कोर्स के अनुसार subject चयन कर सकता है। जैसे आर्ट्स के विद्यार्थी के आर्ट्स के सब्जेक्ट होते है और विज्ञान के विद्यार्थी के साइंस के subjects होते है।
पीटीईटी का मतलब प्री टीचर एजुकेशन टेस्ट होता है जो बीएड और बीएससी बीएड/बीए बीएड करने के लिए आयोजित होने वाली एक प्रवेश परीक्षा है।
पीटीईटी के entrance exam का पेपर 600 नंबर का होता है और कुल 200 प्रश्न होते है।
यह राजस्थान में schools में टीचर बनने के लिए एक eligibility course है। अत: इसको करने के बाद अभ्यर्थी शिक्षक भर्तियों में भाग ले सकते है।
पीटीईटी के लिए अभ्यर्थियों को graduation पास होना जरूरी है और graduation में कम से कम 50% अंक होना जरूरी है। आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए मिनिमम 45% अंक जरूरी है।
पीटीईटी में पास होने के लिए यानि बीएड कॉलेज में एडमिशन के लिए आर्ट्स के विद्यार्थियों के लिए करीबन 300 अंक और साइंस के विद्यार्थियों के लिए 400 से ज्यादा अंक प्राप्त करना आवश्यक है।